आषाढ़ी पूर्णिमा पर देवदह में बौद्ध भिक्षुओं ने किया पूजा अर्चना - प्रथम 24 न्यूज़

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आषाढ़ी पूर्णिमा पर देवदह में बौद्ध भिक्षुओं ने किया पूजा अर्चना


लक्ष्मीपुर, पुरंदरपुर, मोहनापुर /महराजगंज
तहसील ब्यूरो फरेंदा से नसीम खान की रिपोर्ट
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लक्ष्मीपुर क्षेत्र के बनर्सिहा कला स्थित गौतम बुद्ध के ननिहाल  प्राचीन बौद्ध टीले पर रविवार को आषाढी पूर्णिमा के पवन पर्व पर बौद्ध भिक्षुओं ने पूजा अर्चना किया। बोध गया से आये भन्ते गुनमबंशो ने कहा कि दुनिया को मानवता का संदेश देने वाले तथागत गौतम बुद्ध के विचारों पर चल कर पूरे विश्व को विकास के मार्ग पर ले जा सकते हैं। वर्तमान में विश्व समरसता व भाईचारे की आवश्यकता है। तभी मानवता को बचाया जा सकता है। गौतम बुद्ध के अनुयायी गुरु पूर्णिमा को आषाढ़ी पूर्णिमा के रूप में मनाते हैं। बौद्ध ग्रंथों के अनुसार आषाढ़ी पूर्णिमा के पवित्र दिन तथागत बुद्ध  सारनाथ से शुरू किये। आषाढ़ी पूर्णिमा के इसी दिन से बौद्धभिक्खुओ का वर्षावास आरम्भ होता है। बुद्ध अपने माँ के कोख में प्रवेश किये थे । इसी दिन तथागत बुद्ध का राजपाट का त्याग कर सत्य की खोज में निकले। उक्त अवसर पर बौद्ध भिक्षुओं ने स्थानीय लोग भी प्राचीन बौद्ध टीले पर बुद्ध बन्दना किया। कार्यक्रम का आयोजन देवदह बौद्ध विकास समिति नौतनवा के तत्वावधान में किया गया। कार्यक्रम का संचालन जितेंद्र राव ने किया। इस पर्व पर भन्ते मोदगल्यान, भन्ते गुनम बंशो बोध गया, भन्ते आनन्द, कौटिल्य रत्न, सारि पुत्र, महिपाल, धम्मपाल भन्ते, जितेंद्र राव, चन्द्र शेखर, लक्ष्मीचन्द्र पटेल, प्रह्लाद गौतम, हरिश्चंद्र चौधरी, डॉ रामकेश मौर्य, महेंद्र जायसवाल, अखिलेश, संतराम, नाथ प्रसाद, मंगल प्रसाद, डॉ महेंद्र, रामलगन आदि मौजूद रहे।

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